दिल्ली: भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एक बार फिर से विदेशी दौरे पर जाने की तैयारी में है, हर बार की तरह इस बार भी इस दौरे को बेहद खास बताया जा रहा है। यह दौरा भारत के विदेशी नीति और अर्थव्यवस्था के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है पिछले कुछ सालों में पीएम मोदी ने कई देशों के साथ भारत के रिश्ते बेहद मजबूत किए हैं। और यही कारण है कि दुनिया भर में भारत एक उभरता हुआ देश के नजर में देखा जा रहा है, और आज पूरी दुनिया में भारत की स्थिति पहले से और ज्यादा मजबूत होती दिख रही है।
और प्रधानमंत्री की इस दौरे को भी कई मायने में बेहद खास बताया जा रहा है माना जा रहा है कि इस दौरे पर व्यापार तकनीकी और सुरक्षा जैसे बड़ी मुद्दे पर बातचीत हो सकती है।
किन-किन मुद्दों पर हो सकती है बातचीत।
पीएम मोदी की इस दौरे के समय कई बड़े और अहम मुद्दे पर चर्चा होने की संभावना है। जैसे:
1. व्यापार और निवेश बढ़ाने के लिए नए समझौते। 2. नई आधुनिक तकनीक और AI जैसे बड़े सेक्टर में नया विचार। 3. सैन्य ताकत और सुरक्षा जैसे जुड़े समझौते। 4. सबसे अहम मुद्दे तेल और ऊर्जा सप्लाई पर बातचीत।
अगर इन सारे विशेष मुद्दों पर बातचीत होता है तो इसका सीधा असर भारत के अर्थव्यवस्था पर तो पड़ेगा ही। साथ में रोजगार के और नए रास्ते खुल जाएंगे जिससे भारत के लोगों को नया रोजगार मिलेगा।
इससे भारत को और क्या फायदा मिल सकता है?
देखिए जब भी इस प्रकार के अंतरराष्ट्रीय दौरे होते हैं, तो विदेशी निवेश आने की संभावना और बढ़ जाती है। विदेशी कंपनियां भारत में अपने कारोबार को बढ़ाना और मजबूत करने की तैयारी में जुड़ जाते हैं जब भी ऐसे विदेशी दौरे होते हैं तब अलग-अलग देशों से भारत के रिश्ते और भी अच्छे और मजबूत होते जाते हैं जिससे विदेशी कंपनियों का निवेश की इच्छा और बढ़ जाती है।
दुनिया में उभरता भारत का ताकत।

पिछले कुछ सालों में भारत की अंतरराष्ट्रीय छवि हर मामले में मजबूत हुई है। कई अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत की भूमिका पहले से और भी ज्यादा महत्वपूर्ण हो गई है, आज पूरी दुनिया में भारत को एक उभरता हुआ कल और एक मजबूत देश के रूप में देखा जा रहा है। कई सारे बड़े एक्सपोर्ट का बोलना है और कोई सारी दुनिया यह मानती भी है कि भारत बहुत जल्द दुनिया की सबसे शक्तिशाली देश में शुमार हो जाएगा जिसके ताकत का अंदाजा लगाना किसी भी देश के लिए आसान नहीं होगा और ऐसे में भारत के प्रधानमंत्री का विदेशी दौरा भारत के कूटनीति को और मजबूत करने में बहुत अहम भूमिका निभाती है।
भारत की आम जनता पर इसका अवसर।
बहुत से ऐसे लोग हैं जिनको ऐसा लगता है कि भारत के प्रधानमंत्री का यह विदेशी दौरा आम जनता के जीवन से कोई ताल्लुक नहीं रखता। लेकिन ऐसा बिल्कुल नहीं है, जब भी एक देश का रिश्ता दूसरे देश से बेहतरीन होता है तो इसका असर देश के अर्थव्यवस्था पर पड़ता है। और इसी रिश्ते से विदेशी कंपनियां भारत में निवेश करने को इच्छुक होती है, जिससे निवेश बढ़ता है, रोजगार बढ़ता है और देश का आर्थिक स्थिति में और मजबूती मिलती है।
निवारण (निष्कर्ष):
देखिए कुल मिलाकर देखा जाए तो प्रधानमंत्री मोदी का यह विदेशी दौरा भारत के लिए काफी महत्वपूर्ण होता है। इससे न केवल भारत का आन मान शान बढ़ता है, बल्कि भारत की मजबूत स्थिति का भी पता विदेश में पड़ता है। प्रधानमंत्री का विदेशी दौरा भारत की अर्थव्यवस्था के लिए भी रामबाण साबित होता है। और जब किसी देश का अर्थव्यवस्था मजबूत होता है तो उसे देश की स्थिति के साथ आम जनता में भी मजबूती आती है।
— समाप्त — ( The Ashirvad )
